पेरेंट्स को दूसरों की मदद करते देख सलमान खान को आया था बीइंग ह्यूमन फाउंडेशन का आइडिया, ये है इसके पीछे की कहानी - BackToBollywood

Popular Posts

Blog Archive

Search This Blog

पेरेंट्स को दूसरों की मदद करते देख सलमान खान को आया था बीइंग ह्यूमन फाउंडेशन का आइडिया, ये है इसके पीछे की कहानी


<-- ADVERTISEMENT -->



सलमान खान 27 दिसंबर को 55 साल के हो गए हैं। अपनी दरियादिली के लिए मशहूर सलमान एक चैरिटी फाउंडेशन चलाते हैं जिसका नाम बीइंग ह्यूमन है। यह फाउंडेशन 2007 में बना। बताया जाता है कि सलमान बचपन से अपने पेरेंट्स को दूसरों की मदद करते देखते थे, इसी वजह से उनका चैरिटी की तरफ रुझान हुआ और उन्होंने इस फाउंडेशन की नींव रखी।

क्या करता है फाउंडेशन

बीइंग ह्यूमन बच्चों के स्वास्थ्य और शिक्षा समेत तमाम लोगों की बीमारियों और मुश्किल घड़ी में आर्थिक मदद करता है। सलमान अभी तक सलमान बीइंग ह्यूमन के माध्यम से बच्चों के स्वास्थ्य, हार्ट सर्जरी और शिक्षा पर करोड़ों रुपए खर्च कर चुके हैं।

क्या है फाउंडेशन का रेवेन्यू मॉडल

यह फाउंडेशन अलग रेवेन्यू मॉडल पर काम करता है। लोगों से डोनेशन लेने के बजाए बीइंग ह्यूमन के कपड़े ऑनलाइन और स्टोर पर बेचकर पैसे जुटाए जाते हैं। सेल्स का कुछ प्रतिशत हिस्सा बेसहारा लोगों की मदद के लिए खर्च किया जाता है। बीइंग ह्यूमन के पास पैसे कपड़े बेचकर आते हैं, जिसके लिए इसका मंधाना इंडस्ट्री लिमिटेड के साथ टाईअप है। मंधाना की एनुअल रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी के कुल 17 बीइंग ह्यूमन स्टोर, 6 फ्रेंचाइजी आउटलेट, 99 स्टोर-इन-स्टोर, 60 डिस्ट्रीब्यूटर और 100 इंटरनेशनल आउटलेट हैं, जो बीइंग ह्यूमन के कपड़े बेचते हैं।

सलमान करते हैं प्रमोशन

जब से इस फाउंडेशन की स्थापना हुई है तब से इसके प्रमोशन का जिम्मा खुद सलमान ने ही उठाया है। वह ज्यादातर मौकों पर बीइंग ह्यूमन के ही कपड़ों में दिखाई देते हैं। यहां तक कि अपने दोस्तों और करीबियों को भी बीइंग ह्यूमन के कपड़े ही गिफ्ट करते हैं।कई बार फैशन शो के जरिए भी बीइंग ह्यूमन के कपड़ों को प्रमोट करते देखा गया है जिसमें बॉलीवुड के कई स्टार्स रैम्प वॉक करते दिखाई दिए हैं।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
how salman khan's being human foundation started, know its interesting love story

Loading...

<-- ADVERTISEMENT -->

Reactions:

AutoDesk

Entertainment

Post A Comment:

0 comments: